Breaking News
आईपीएल 2026 के पहले चरण का शेड्यूल जारी, 28 मार्च से होगा रोमांचक आगाज
पीएमजीएसवाई प्रथम के अंतर्गत अवशेष सड़कों को पूरा करने की समय सीमा 31 मार्च 2027 तक बढ़ी
प्रेस टूर पर देहरादून पहुंचे ओडिशा के पत्रकारों के दल ने उत्तराखंड के राज्यपाल से की भेंट
घरेलू गैस की आपूर्ति में कोई कमी नहीं- महाराज
एलपीजी गैस आपूर्ति व्यवस्था की समीक्षा, कालाबाजारी व जमाखोरी रोकने को 15 टीमें गठित
उत्तराखंड के हर ब्लॉक में बनेंगे मिनी स्टेडियम- मुख्यमंत्री धामी
देहरादून एसएसपी से मिलने पहुंची नन्ही बच्ची, फूल देकर जताया पुलिस के प्रति सम्मान
महिलाओं की समस्याओं का निस्तारण शासन-प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए- कुसुम कंडवाल
खाना खाने के बाद क्यों आती है नींद? जानिए क्या कहते हैं स्वास्थ्य विशेषज्ञ

केजरीवाल की कहानियों का अंत नहीं

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के ड्रामे और उनकी कहानियों का अंत ही नहीं हो रहा है। उनकी सरकार ने एक बार फिर विधानसभा में विश्वास मत पेश कर दिया। किसी ने उनके बहुमत पर अविश्वास नहीं जाहिर किया था और न कहीं से उनकी सरकार को खतरा दिख रहा था। 70 सदस्यों की राज्य विधानसभा में केजरीवाल की पार्टी के 62 विधायक हैं। उन्हें तीन चौथाई से भी ज्यादा बहुमत है। फिर भी यह तीसरा मौका है, जब उन्होंने विश्वास मत हासिल करने का ड्रामा रचा है। पहले भी उन्होंने आरोप लगाया था कि उनके विधायकों को 20 करोड़ रुपए देने की भाजपा ने पेशकश की है। इस आरोप के बाद उन्होंने विश्वास मत पेश कर दिया।

अब फिर आरोप लगाया है कि सात विधायकों को 25-25 करोड़ रुपए की पेशकश भाजपा ने की है और सरकार गिराना चाहती है। हालांकि सात या 17 विधायकों के टूटने से भी केजरीवाल की सरकार पर खतरा नहीं है। दूसरे, दिल्ली पुलिस उनसे पूछ रही है कि वे मीडिया में बयान देने के बाद औपचारिक शिकायत दर्ज कराएं। किसी व्यक्ति का नाम लें, जिसने पैसे की पेशकश की या कोई फोन नंबर ही बताएं कि इस नंबर से फोन करके पेशकश की गई थी। लेकिन उनकी पार्टी ने न कोई सबूत पेश किया है और न औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। लेकिन विधानसभा के सत्र में बजट टाल दिया और विश्वास मत पेश कर दिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top