Breaking News
स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के सम्मान और उनके परिजनों की समस्याओं के निराकरण हेतु हुई अहम बैठक
मुख्यमंत्री धामी ने ‘वन क्लिक’ से 7.56 लाख पेंशनर्स को जारी की धनराशि
5 दिवसीय दौरे के लिए असम रवाना हुए कृषि मंत्री गणेश जोशी
“ऑपरेशन प्रहार” के तहत जुआरियों पर दून पुलिस की सर्जिकल स्ट्राइक
7 मई को रिलीज होगा ‘बंदर’ का टीजर, मेकर्स ने की घोषणा
कांवली रोड पर तेज रफ्तार डंपर की चपेट में आने से मजदूर की मौत
कैलाश मानसरोवर यात्रा हुई महंगी, प्रति यात्री खर्च बढ़कर 2.09 लाख रुपये हुआ
प्रदेश के सभी शासकीय विद्यालयों में मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराएं- मुख्य सचिव
अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की आड़ में अपमानजनक टिप्पणी बर्दाश्त नहीं- कुसुम कंडवाल

करोड़ों के मालिक बन बैठे जनप्रतिनिधियों की संपत्ति की जांच करने की उठी मांग

बीते 25 साल में यह जनप्रतिनिथि कैसे बन गए इतने अमीर- जन संघर्ष मोर्चा

विजिलेंस पकड़ रही छोटी-छोटी मछलियां बड़े मगरमच्छों पर चाबुक कब चलेगा

विकासनगर। जन संघर्ष मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने कहा कि प्रदेश में जिस तरह से विधायकों एवं मंत्रियों द्वारा सैकड़ो/ हजारों करोड़ के आर्थिक साम्राज्य खड़े किए जा रहे हैं, एक तरह से व्यवसायियों/ बिल्डरों/ माफियाओं से लूटी गई रकम है ।

ये लोग अपना काम कराने के एवज में इन नेताओ भारी भरकम रकम व अन्य आर्थिक तरीके से खुश करते हैं और अवैध तरीके से कमाई गई हराम की दौलत अन्य राज्यों में अपने करीबी एवं गुर्गों के नाम पर निवेश करते हैं ।

नेगी ने कहा कि जिस तरह से विजिलेंस छोटे-मोटे कर्मचारियों पर शिकंजा कस रही है और उन्हें अपनी गिरफ्त में ले रही है, उसकी सराहना की जानी चाहिए; लेकिन बड़े-बड़े मगरमच्छों पर भी उसी प्रकार हाथ डाला जाना चाहिए । लिहाजा, विजिलेंस को और अधिक अधिकार संपन्न बनाने की जरूरत है|

उन्होंने कहा कि सरकार/ राज भवन को प्रदेश के विधायकों/ मंत्रियों की संपत्तियों भी भी जांच करानी चाहिए जिससे सामाजिक न्याय स्थापित हो।

मोर्चा नेता ने आश्चर्य व्यक्त करते हुए कहा कि आखिर 20-25 साल पहले तंगहाली में जी रहे ये मंत्री /विधायक आज करोड़पति- अरबपति कैसे बन गए। पत्रकार वार्ता में -हाजी असद व प्रवीण शर्मा, पिन्नी मौजूद थे |

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top