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अब ज्योतिर्मठ के नाम से जाना जाएगा जोशीमठ

देखें शासनादेश, तीर्थ पुरोहितों ने सीएम का जताया आभार 

जोशीमठ। डीएम चमोली ने जोशीमठ का नाम ज्योर्तिमठ किए जाने से संबंधित शासनादेश जारी कर दिया गया है।
ज्योर्तिमठ की जनता और विभिन्न धार्मिक एवं सामाजिक संगठनों की ओर से उत्तराखंड के मुख्यमंत्री का आभार प्रकट किया गया।

सभी लोगों ने विश्वास व्यक्त किया कि ज्योर्तिमठ अपने प्राचीन नाम से जाने जाने के साथ ही अपने ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व को बनाए रखेगा।

ज्योर्तिमठ का शासनादेश जिलाधिकारी चमोली की ओर से जारी कर दिए गया है। इससे संबंधित मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सार्वजनिक घोषणा की थी । इसके बाद विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय भारत सरकार की ओर से विगत मार्च महीने में इस पर अपनी सहमति व्यक्त कर दी गई थी। 13 जून को राजस्व सचिव की ओर से सहमति दी गई। चमोली के जिलाधिकारी हिमांशु खुराना ने जीओ जारी कर दिया है।

मुख्यमंत्री का आभार जताने वालों में ब्राह्म कपाल तीर्थ पुरोहित पंचायत समिति बदरीनाथ धाम के अध्यक्ष उमेश सती, हरिशसती , चार धाम महा पंचायत के महासचिव डॉक्टर बृजेश सती , देव पूजा समिति ज्योर्तिमठ के अध्यक्ष भगवती प्रसाद नंबूरी, बदरीनाथ मंदिर के पूर्व धर्माधिकारी भुवन उनियाल , ज्योतेश्वर महादेव के पुजारी महिमानंद उनियाल , पैंन खंडा संघर्ष समिति के सदस्य मनमोहन विष्ट आदि शामिल हैं।

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